UPSSSC लोअर मेन्स के लिए विराम चिन्हों का प्रयोग की व्यापक अध्ययन मार्गदर्शिका। UPSSSC लोअर मेन्स के लिए विराम चिन्हों का प्रयोग की व्यापक अध्ययन मार्गदर्शिका।
| चिन्ह का नाम | चिन्ह | प्रयोग का मुख्य आधार |
|---|---|---|
| पूर्णविराम | । | वाक्य की पूर्णता |
| अल्पविराम | , | थोड़ा रुकना |
| प्रश्नवाचक | ? | प्रश्न पूछने पर |
| विस्मयादिबोधक | ! | हर्ष-शोक-आश्चर्य |
| योजक | - | दो शब्दों को जोड़ना |
| लाघव | o | शब्दों का संक्षिप्त रूप |
पूर्णविराम का प्रयोग वाक्य के अंत में किया जाता है।पूर्णविराम का प्रयोग वाक्य के अंत में किया जाता है।
जहाँ बहुत कम समय के लिए रुकना हो, वहाँ अल्पविराम का प्रयोग होता है।जहाँ बहुत कम समय के लिए रुकना हो, वहाँ अल्पविराम का प्रयोग होता है।
प्रश्नवाचक वाक्यों के अंत में इसका प्रयोग होता है।प्रश्नवाचक वाक्यों के अंत में इसका प्रयोग होता है।
हर्ष, शोक, घृणा, विस्मय आदि भावों को प्रकट करने के लिए।हर्ष, शोक, घृणा, विस्मय आदि भावों को प्रकट करने के लिए।
किसी के कथन को ज्यों का त्यों लिखने के लिए इकहरे (') या दोहरे (") उद्धरण का प्रयोग होता है।किसी के कथन को ज्यों का त्यों लिखने के लिए इकहरे (') या दोहरे (") उद्धरण का प्रयोग होता है।
दो शब्दों को जोड़ने के लिए, जैसे: माता-पिता, सुख-दुख।दो शब्दों को जोड़ने के लिए, जैसे: माता-पिता, सुख-दुख।
कठिन शब्दों के अर्थ या क्रम दिखाने के लिए। उदाहरण: धर्मराज (युधिष्ठिर) सत्यवादी थे।कठिन शब्दों के अर्थ या क्रम दिखाने के लिए। उदाहरण: धर्मराज (युधिष्ठिर) सत्यवादी थे।
शब्द को संक्षिप्त रूप में लिखने हेतु। उदाहरण: डॉ. (डॉक्टर), पं. (पंडित)।शब्द को संक्षिप्त रूप में लिखने हेतु। उदाहरण: डॉ. (डॉक्टर), पं. (पंडित)।
उपविराम (:), अर्धविराम (;), विवरण चिन्ह (-:), हंसपद (^) का प्रयोग त्रुटि सुधार हेतु होता है।उपविराम (:), अर्धविराम (;), विवरण चिन्ह (-:), हंसपद (^) का प्रयोग त्रुटि सुधार हेतु होता है।
1. प्रश्नवाचक शब्दों (क्या, क्यों, कब) के साथ हमेशा ? का प्रयोग करें। 2. विस्मयादिबोधक शब्दों के तुरंत बाद ! लगाएं। 3. दो विलोम शब्दों के बीच हमेशा योजक (-) चिन्ह का प्रयोग होता है। 4. वाक्य में बहुत अधिक अल्पविराम न लगाएं, अन्यथा अर्थ बदल सकता है।1. प्रश्नवाचक शब्दों (क्या, क्यों, कब) के साथ हमेशा ? का प्रयोग करें। 2. विस्मयादिबोधक शब्दों के तुरंत बाद ! लगाएं। 3. दो विलोम शब्दों के बीच हमेशा योजक (-) चिन्ह का प्रयोग होता है। 4. वाक्य में बहुत अधिक अल्पविराम न लगाएं, अन्यथा अर्थ बदल सकता है।